किताब के बारे में – ‘शिक्षा में प्रयोग : अनुभवों की दास्तान’ पिछले 45 साल से शिक्षा के क्षेत्र में काम कर रहे प्रख्यात साइंस एक्टिविस्ट अरविन्द गुप्ता के व्याख्यान की किताब है। ‘चंद्र कला जोशी -शेखर जोशी स्मृति व्याख्यान’ की कड़ी में यह दूसरा व्याख्यान 4 अक्टूबर 2025 को ऑनलाइन माध्यमों पर आयोजित किया गया था।
अरविंद गुप्ता मुख्य रूप से अपने विज्ञान खिलौनों और उनसे जुड़ी वेबसाइट arvindguptatoys.com के कारण मशहूर हैं। उनके शुरूआती जीवन का एक बड़ा समय 1970 के दशक में शुरू हुए ‘होशंगाबाद विज्ञान शिक्षण प्रोग्राम’ के साथ काम करते हुए बीता। बाद में पुणे विश्विद्यालय से जुड़ी संस्था IUCAA से जुड़कर उन्होंने हजारों विज्ञान खिलौने बनाये और फिर उन्हें अपनी वेबसाइट के जरिये लोकप्रिय बनाया। हाल के वर्षों में उनका बहुत सा समय बच्चों के लिए विश्व साहित्य को सजेहने , उसका अनुवाद करने और उन्हें स्कैन कर सबको उपलब्ध कराने में बीता है। उन्होंने अब तक कम से कम 3000 स्कूलों के बीच अपने अनुभव को साझा किया है। भारत सरकार ने उन्हें महती योगदान के लिए उन्हें पद्मश्री से सम्मानित भी किया है।
अरविंद गुप्ता मुख्य रूप से अपने विज्ञान खिलौनों और उनसे जुड़ी वेबसाइट arvindguptatoys.com के कारण मशहूर हैं। उनके शुरूआती जीवन का एक बड़ा समय 1970 के दशक में शुरू हुए ‘होशंगाबाद विज्ञान शिक्षण प्रोग्राम’ के साथ काम करते हुए बीता। बाद में पुणे विश्विद्यालय से जुड़ी संस्था IUCAA से जुड़कर उन्होंने हजारों विज्ञान खिलौने बनाये और फिर उन्हें अपनी वेबसाइट के जरिये लोकप्रिय बनाया। हाल के वर्षों में उनका बहुत सा समय बच्चों के लिए विश्व साहित्य को सजेहने , उसका अनुवाद करने और उन्हें स्कैन कर सबको उपलब्ध कराने में बीता है। उन्होंने अब तक कम से कम 3000 स्कूलों के बीच अपने अनुभव को साझा किया है। भारत सरकार ने उन्हें महती योगदान के लिए उन्हें पद्मश्री से सम्मानित भी किया है।
इस व्याख्यान में अरविंद जी हिंदुस्तानी शिक्षाविद गिजुभाई बधेका के प्रयोगों से शुरू कर मोंटेसरी तक के अभिनव प्रयोगों की यात्रा का बहुत आत्मीय परिचय अपने श्रोताओं को कराते हैं।






Reviews
There are no reviews yet.